भूपेंद्र ठाकुर,
03 जुलाई / शिमला।
जिला शिमला पुलिस को दो महत्वपूर्ण आपराधिक मामलों में न्यायालय से अभियुक्तों को सजा दिलाने में सफलता मिली।
पहले मामले में थाना ढली के एफआईआर संख्या 105/2022 (धारा 302 एवं 324 आईपीसी) में माननीय अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश-2, शिमला ने अभियुक्त रमेश्वर को हत्या एवं मारपीट के मामले में दोषी मानते हुए हत्या के अपराध में आजीवन कारावास एवं ₹25,000 जुर्माने की सजा सुनाई। साथ ही धारा 324 आईपीसी के तहत 2 वर्ष के कठोर कारावास एवं ₹10,000 जुर्माने की सजा भी सुनाई गई। यह निर्णय गंभीर अपराधों के मामलों में प्रभावी विवेचना और सशक्त अभियोजन का परिणाम है।

दूसरे मामले में थाना ठियोग के एफआईआर संख्या 13/2020 (धारा 20 एनडीपीएस अधिनियम) में माननीय विशेष न्यायाधीश (सीबीआई), शिमला ने अभियुक्त लक्की भंडारी को चरस की बरामदगी से संबंधित मामले में दोषी मानते हुए 3 वर्ष के कठोर कारावास तथा ₹30,000 जुर्माने की सजा सुनाई। यह फैसला नशा तस्करी के विरुद्ध जिला शिमला पुलिस की निरंतर कार्रवाई और प्रभावी न्यायिक प्रक्रिया का महत्वपूर्ण परिणाम है।
जिला शिमला पुलिस गंभीर अपराधों एवं नशा तस्करी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करते हुए अपराधियों को कानून के अनुसार सजा दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।








