भूपेंद्र ठाकुर,
03 अगस्त / शिमला।
पहाड़ों पर मानसून ने एक बार फिर अपनी सक्रियता दिखानी शुरू कर दी है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के शिमला केंद्र ने राज्य के अधिकांश हिस्सों में आगामी 3 अगस्त से 9 अगस्त तक हल्की से मध्यम बारिश तथा कई इलाकों में भारी वर्षा की संभावना जताई है। मौसम विभाग ने संवेदनशील जिलों में लोगों से सतर्क रहने को कहा है, क्योंकि इस दौरान भूस्खलन, फ्लैश फ्लड और जलभराव जैसी गंभीर स्थितियां बन सकती हैं।
किन जिलों में कब बरसेगा पानी?
विभाग द्वारा जारी पूर्वानुमान के अनुसार, 3 और 4 अगस्त (सोमवार-मंगलवार) को ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा और सिरमौर जिलों में एक-दो स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। वहीं, 5 से 9 अगस्त के बीच भी प्रदेश के विभिन्न जिलों में अलग-अलग दिनों में भारी वर्षा का दौर जारी रहेगा। विशेष रूप से कांगड़ा जिले में लगातार कई दिनों तक भारी बारिश की ऑरेंज अलर्ट जारी की गई है। इसके अलावा मंडी, चंबा, सोलन और बिलासपुर में भी अलग-अलग तिथियों पर मूसलाधार वर्षा का अनुमान है।

इन खतरों से रहें सावधान
मौसम विज्ञानियों का कहना है कि लगातार हो रही बारिश के कारण राज्य की नदियों, नालों और अन्य जल स्रोतों का जलस्तर तेजी से बढ़ सकता है। पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन (लैंडस्लाइड) और कीचड़ खिसकने की घटनाएं सामने आ सकती हैं, जिससे आवागमन प्रभावित होगा। साथ ही, निचले इलाकों में जलभराव से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो सकता है।
सड़कों पर भी बरतें सावधानी
लगातार बारिश से सड़कें फिसलन भरी हो गई हैं और कई स्थानों पर दृश्यता भी कम हो गई है। विभाग ने चालकों से सावधानी बरतने की अपील की है, क्योंकि इन परिस्थितियों में सड़क दुर्घटनाओं का खतरा काफी बढ़ जाता है।
प्रदेश में मानसून सीजन के दौरान कई बार अचानक भारी बारिश से कहर बरपा है, ऐसे में आईएमडी ने सभी जिला प्रशासनों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए हैं। स्थानीय निवासियों व पर्यटकों को सलाह दी जाती है कि वे नदियों व नालों के किनारे जाने से बचें और यात्रा से पहले मौसम की ताजा जानकारी जरूर लें।








