भूपेंद्र ठाकुर,
15 अप्रैल/शिमला।
शिमला, 15 अप्रैल 2026 – पुलिस थाना सदर शिमला को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। 6 अप्रैल 2026 को पुलिस टीम ने एक महिला आरोपी से 40 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) बरामद किया था, जिसके बाद मामला दर्ज किया गया था। अब जांच के दौरान तकनीकी विश्लेषण, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR), व्हाट्सएप डेटा और बैंक लेन-देन की पड़ताल में तस्करी नेटवर्क के अन्य सदस्यों का भी पता चला है।
पुलिस ने बैकवर्ड लिंकिज स्थापित करते हुए 13 अप्रैल 2026 को सह-अभियुक्त नीरज (पुत्र श्री कैलाश, आयु 24 वर्ष) को पांवटा साहिब (जिला सिरमौर) से गिरफ्तार किया। आरोपी देव नगर, कृपालशीला गुरुद्वारा के निकट, पांवटा साहिब का निवासी है।
मादक पदार्थ खरीद के लिए ट्रांसफर करता था पैसे
जांच में पाया गया कि सह-अभियुक्त नीरज मादक पदार्थ की खरीद के लिए धनराशि ट्रांसफर करने और नेटवर्क के अन्य सदस्यों के साथ समन्वय में सक्रिय रूप से शामिल था। उसकी भूमिका धारा 29 (आपराधिक साजिश) के तहत एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत पाई गई है।
पूर्व में भी दर्ज है आपराधिक इतिहास
पुलिस के अनुसार, आरोपी नीरज के खिलाफ पहले भी एनडीपीएस एक्ट के तहत एक मामला दर्ज है, जो फिलहाल न्यायालय में विचाराधीन है। यह तथ्य तस्करी गिरोह में उसकी गहरी संलिप्तता को दर्शाता है।
16 अप्रैल तक पुलिस रिमांड पर आरोपी
गिरफ्तार आरोपी नीरज को माननीय न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे 16 अप्रैल 2026 तक पुलिस हिरासत रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस अब मामले में अन्य संभावित लिंक और नेटवर्क के बड़े सरगनाओं तक पहुंचने के लिए जांच जारी रखे हुए है।









